चतुर्दिक

विषय पर केंद्रित होने पर स्वयं विषय का स्वरूप बदल जाता है (द्वंद्वात्मक भौतिकवाद में मनन का स्थान ) ; विकल्प का निर्विकल्प में विश्रांति ही तत्व है ; इस प्रकार उत्तरोत्तर विश्रांति के द्वारा अपना स्वरूप स्फुट होता है - यह शेष है ।

शनिवार, 28 अप्रैल 2018

यह भारतीय राजनीति की अनंत संभावनाओं का संकेत है !

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हैदराबाद में सीपीआई(एम) में येचुरी की लाइन की जीत पर : —अरुण माहेश्वरी हैदराबाद में सीपीआई(एम) की बाईसवीं कांग्रेस (18-22 अप्रैल 201...
गुरुवार, 26 अप्रैल 2018

‘चीनम् शरणम् गच्छामि’

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- अरुण माहेश्वरी अभी पूरी मोदी सरकार चीन की ओर रुख किये हुए है। मोदी खुद आगामी पांच हफ्तों में दो बार चीन जा ...
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Arun Maheshwari
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